उसके होने पर भी उसकी याद में बहते आंसू
उसके लफ़्ज़ों का मुझमें समा जाना
उसके जाने पर उसके प्यार का एहसास
उसकी मुझे पा लेने की वो बेचैनी
मेरी आत्मा की वो तड़प
बिछड़कर फिर मिलने की कशिश
मेरे सारे आंसू, मेरी मुस्कुराहट
मेरा चलना, मेरा रुकना
मेरी बातें, वो मेरी तन्हा रातें
वो कुछ पल का साथ हमारा
जीवन भर का रिश्ता
मेरे दिल की धड़कनों में
उसके प्यार की सांसें
आज फ़िर मैंने महसूस की
वही प्यार की काशिश
जबकि यह सम्भव नही
फ़िर ये क्या है...?
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